दिन-दहाड़े बेइमानी करके भाजपा ने जीता चंडीगढ़ मेयर चुनाव, यह देश के लोकतंत्र के लिए बेहद खतरनाक- अरविंद केजरीवाल

Listen to this article
  • 76 साल पहले 30 जनवरी को ही अहिंसा के पुजारी महात्मा गांधी की हत्या की गई थी और आज के ही दिन भाजपा ने लोकतंत्र की हत्या की है- अरविंद केजरीवाल
  • पीठासीन अधिकारी ने जानबूझकर टिक मार्क लगाकर हमारे 20 में से 8 वोट अमान्य कर दिए, जो कैमरे में कैद है और पूरा देश देख रहा है- अरविंद केजरीवाल
  • शुरू से ही इनकी नीयत खराब थी, चुनाव का एलान होने पर इन्होंने अपनी पार्टी के ऑफिस बियरर को पीठासीन अधिकारी बनाया- अरविंद केजरीवाल
  • अगर भाजपा एक मेयर चुनाव में 25 फीसद वोट अमान्य करा सकती है तो देश के चुनाव में ये किसी भी हद तक जा सकते हैं- अरविंद केजरीवाल
  • यदि ये लोग लोकसभा चुनाव हार जाते हैं तो भी कुर्सी नहीं छोड़ेंगे और डोनॉल्ड ट्रम्प की तरह कुर्सी से चिपके रहेंगे, फिर चाहे मार्शल लॉ लागू करना पड़े- अरविंद केजरीवाल
  • चुनाव में हार-जीत लगी रहती है, पार्टियां और नेता आते-जाते रहते हैं, लेकिन देश और लोकतंत्र नहीं हारना चाहिए- अरविंद केजरीवाल
  • अगर देश के लोगों ने मिलकर इस गुंडागर्दी को नहीं रोका तो आने वाले समय में यह देश के लिए बहुत खतरनाक साबित होने वाला है- अरविंद केजरीवाल

आम आदमी पार्टी ने चंडीगढ़ मेयर चुनाव में सरेआम हुई बेइमानी को लेकर भाजपा पर तीखा हमला बोला। ‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सिलसिलेवार तरीके से इसका खुलासा किया। उन्होंने कहा कि मेयर चुनाव में दिन-दहाड़े बेईमानी करके भाजपा को जिता दिया गया। देश के लोकतंत्र के लिए यह गुंडागर्दी बेहद ख़तरनाक है। यदि एक मेयर के चुनाव में ये लोग इतना गिर सकते हैं तो देश के चुनाव में तो ये किसी भी हद तक जा सकते हैं। यह बेहद चिंताजनक है। 76 साल पहले 30 जनवरी को ही अहिंसा के पुजारी महात्मा गांधी की हत्या की गई थी और आज के ही दिन इन्होंने लोकतंत्र की हत्या की है। उन्होंने कहा कि इनकी नीयत शुरू से ही खराब थी। चुनाव का एलान होने पर इन्होंने अपनी पार्टी के ऑफिस बियरर को पीठासीन अधिकारी घोषित किया और उसने जानबूझकर टिक मार्क लगाकर हमारे 20 में से 8 वोट अमान्य कर दिए। उन्होंने देशवासियों से अपील करते हुए कहा कि अगर इस गुंडागर्दी को नहीं रोका गया तो आने वाले समय में यह देश के लिए बहुत खतरनाक साबित होने वाला है।

चंडीगढ़ मेयर चुनाव में भाजपा द्वारा धांधली कर मेयर की कुर्सी कब्जाने पर ‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक एवं दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने पार्टी मुख्यालय में प्रेसवार्ता कर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि 30 जनवरी को अहिंसा और शांति के पुजारी महात्मा गांधी की हत्या की गई थी और 76 साल बाद आज ही के दिन इन्हांेने जनतंत्र की हत्या की है। एक तरह से आज लोकतंत्र के लिए काला दिन है। चंडीगढ़ मेयर चुनाव में जिस तरह से इन्होंने सरेआम गुंडगर्दी और बेइमानी की है, वो वीडियो में कैद हो गया है। उस वीडियो को आज पूरा देश सोशल मीडिया पर देख रहा है कि किस तरह से इन्होंने वोटों की चोरी की है और चंडीगढ़ के अंदर जबरदस्ती अपना मेयर बनाया है।

‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मुद्दा यह नहीं है कि मेयर किसका बनना चाहिए। चुनाव में हार-जीत लगी रहती है। कभी वो जीतते हैं तो कभी हम जीतते हैं। लेकिन देश और जनतंत्र नहीं हारना चाहिए, देश और जनतंत्र जरूरी है। पार्टियां आती-जाती रहती हैं, नेता आते-जाते रहते हैं, मेयर आते-जाते रहते हैं। मुद्दा यह नहीं है कि आम आदमी पार्टी का मेयर बनना था, लेकिन नहीं बना। मुद्दा यह भी नहीं है कि इंडिया गठबंधन को चंडीगढ़ मेयर चुनाव में जीतना था और वो नहीं जीत सका। मुद्दा यह है कि इन लोगों ने सरेआम दिन-दहाड़े इतनी गुंडागर्दी और बेइमानी से चंडीगढ़ मेयर का चुनाव जीता है। अगर पूरे देश ने मिलकर इनकी गुंडागर्दी और बेइमानी को नहीं रोका तो यह पूरे देश के लिए बहुत खतरनाक है।

उन्होंने कहा कि दो साल पहले चंडीगढ़ नगर पालिका के चुनाव हुए थे। नगर पालिका में कुल 36 काउंसलर की सीटें हैं। उस चुनाव में 13 आम आदमी पार्टी, 7 कांग्रेस, 15 भाजपा और एक अकाली दल का काउंसलर है। अकाली दल का काउंसलर भाजपा के साथ है। इस तरह भाजपा के पास कुल 16 काउंसलर हैं। अभी तक कांग्रेस और आम आदमी पार्टी अलग-अलग चुनाव लड़ते थे। इसलिए पिछले दो साल से भाजपा का ही मेयर और डिप्टी मेयर बनता था। इस बार इंडिया गठबंधन के तहत कांग्रेस और आम आदमी पार्टी साथ आ गई। इस तरह इंडिया गठबंधन के 20 और भाजपा के 16 काउंसलर थे। चुनाव बिल्कुल सीधा था। इसमें कोई गणित नहीं थीं।

‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव को लेकर शुरू से ही इनकी नीयत खराब थी। सबसे पहले इन लोगों ने अपनी पार्टी के एक कार्यकर्ता (ऑफिस बीयरर) को प्रेसाइडिंग ऑफिसर घोषित कर दिया। इसके बाद मेयर चुनाव के लिए 18 जनवरी की तारीख तय हुई। चुनाव के दिन 18 जनवरी को प्रेसाइडिंग ऑफिसर ने कहा कि मैं बीमार हूं। वो अस्पताल में भर्ती हो गया और अंततः चुनाव टाल दिया गया। हम लोग कोर्ट गए और कोर्ट से तारीख तय करवा कर लाए। इस दौरान इन्होंने आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के काउंसलरों को खरीदने, डराने-धमकाने की बहुत कोशिश की। जैसा कि ये पूरे देश में करते हैं। इनकी यह फितरत है और हर जगह यही करते हैं। लेकिन किस्मत से हमारा एक भी काउंसलर नहीं टूटा और मंगलवार (30) को मेयर का चुनाव हुआ और कोर्ट के निर्देशों के बावजूद इन लोगों ने बदमाशी की।

‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि चाहे किसी राज्य का चुनाव हो या देश का चुनाव हो, जब वोटों की गिनती होती है तो मशीन का नंबर बताया-दिखाया जाता है। उसके बाद दिखाया जाता है कि किस पार्टी को कितने वोट मिले और सभी पार्टियों के एजेंड बकायदा देखते हैं। मेयर चुनाव में भी कानून में यह था कि हर पार्टी का एजेंट वहां बैठेगा। जिस तरह दिल्ली में मेयर का चुनाव हुआ, जो बैलेट पेपर से होता है। गिनती के दौरान सभी पार्टियों के एजेंट बैठते हैं और एक-एक वोट उनको दिखाए जाते हैं। अगर किसी एजेंट को आपत्ति करनी हो कि यह वोट अमान्य है तो उस वोट को सभी एजेंट को दिखाया जाता है। सभी एजेंट उस पर अपने तर्क देते हैं और प्रिसाइडिंग ऑफिसर उस पर अपनी रूलिंग देता है।

‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव में प्रिसाइडिंग ऑफिसर बनाए गए भाजपा के कार्यकर्ता ने किसी भी एजेंट को अपने पास नहीं आने दिया। प्रिसाइडिंग ऑफिसर ने सभी एजेंट को दूर कर दिया और खुद सारी वोट लेकर बैठ गए। बकायदा कैमरे के अंदर दिखाई दे रहा है कि किस तरह से प्रिसाइडिंग ऑफिसर इंडिया गठबंधन के वोट को टिक मार्क करके उसका अमान्य धोषित कर रहे हैं। मतलब दो टिक मार्क लग गए तो वो वोट अमान्य हो जाएगा। प्रिसाइडिंग ऑफिसर टिक मार्क करके वोट को अवैध घोषित कर रहे और नीचे हस्ताक्षर करते जा रहे हैं। कैद वीडियो में साफ-साफ दिख रहा है कि प्रिसाइडिंग ऑफिसर खुद कुछ वोट पर एक टिक मार्क लगा रहे हैं और कुछ पर हस्ताक्षर कर रहे हैं। कुल 36 वोट पड़ने थे। 36 में से 20 इंडिया गठबंधन के थे और 16 भाजपा के थे। भाजपा के 16 वोट पड़ गए और प्रिसाइडिंग ऑफिसर ने इंडिया गठबंधन के 20 में से 8 वोट अमान्य घोषित कर दिया। इस तरह 25 फीसद वोट अमान्य घोषित कर दिया गया।

उन्होंने कहा कि पिछले साल जब मेयर का चुनाव हुआ था तो आम आदमी पार्टी का एक वोट अमान्य घोषित किया गया था। इसलिए ऐसा भी नहीं है कि हमारे काउंसलरों को वोट डालना नहीं आता है। उनको वोट डालना आता है। इस बार ऐसे कैसे हो गया कि हमारे सारे काउंसलर वोट डालना भूल गया और सारे वोट अमान्य हो गए। ये लोग पहले सोच कर आए थे कि इनको गुंडागर्दी करनी है। किस्मत अच्छी थी कि कैमरे के अंदर सबकुछ पकड़ा गया।

‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव में यह भी बहुत दिलचस्प है कि कल चंडीगढ़ प्रशासन ने चुनाव से पहले आदेश जारी कर मीडिया के प्रवेश पर रोक लगा दी। यह आदेश भी इस बात की तरफ इशारा करता है कि इनकी नीयत शुरू से ही खराब थी कि गडबड़ करनी है। चंडीगढ़ मेयर चुनाव में आजतक इतने बड़े स्तर पर वोट अमान्य नहीं घोषित किए गए। अगर ये लोग मात्र 36 वोट की गिनती करने में इतनी बड़ी धांधली कर रहे हैं, जब देश का चुनाव होता है तो उसमें 90 करोड़ वोट पड़ते हैं, उसमें तो पता नहीं ये लोग किस स्तर की धांधली करते हैं। देश के चुनाव में 5-6 फीसद वोट भी इधर-उधर हो जाए तो परिणाम में बहुत अंतर आ जाएगा।

उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव यह दिखाता है कि ये लोग चुनाव जीतने, सत्ता पाने के लिए किस हद तक जा सकते हैं। लोग कह रहे हैं कि बड़े चुनावों में ईवीएम में गड़बड़ी बता रहे हैं। मुझे लगता है कि ये लोग सत्ता पाने के लिए कुछ भी करते हैं। ये लोग चुनाव जीतने के लिए वोटर लिस्ट में फर्जीवाड़ा करते होंगे, फर्जी वोट डलवाते होंगे, ईवीएम में गड़बड़ी करवाते होंगे। अगर इतने के बाद भी ये लोग चुनाव हार गए तो भी ट्रम्प की तरह सत्ता की कुर्सी नहीं छोड़ेंगे। ये लोग कुर्सी से चिपके रहेंगे, चाहे देश में मॉर्शल लॉ ही क्यों न लागू करना पड़े। यह स्थिति पूरे देश के लिए बहुत खतरनाक है। सभी से मेरी अपील है कि जो लोग अपने देश से प्यार करते हैं, उन सभी को मिलकर इस गुंडागर्दी का पुरजोर विरोध करना होगा और हरहाल में इसे रोकना होगा। क्योंकि जो लोग गुंडगर्दी करके शासन में आएंगे, वो आपके शहर में गुंडागर्दी ही मचाएंगे। जो लोग ईमानदारी से चुनाव लड़ेंगे और जीतेंगे, वो शासन में ईमानदारी लेकर आएंगे।

‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, ‘‘चंडीगढ़ मेयर चुनाव में दिन-दहाड़े बेईमानी करके भाजपा को जिता दिया गया। देश के लोकतंत्र के लिए ये गुंडागर्दी बेहद ख़तरनाक है। चंडीगढ़ मेयर चुनाव में दिन दहाड़े जिस तरह से बेईमानी की गई है, वो बेहद चिंताजनक है। यदि एक मेयर चुनाव में ये लोग इतना गिर सकते हैं तो देश के चुनाव में तो ये किसी भी हद तक जा सकते हैं। ये बेहद चिंताजनक है।’’

Print Friendly, PDF & Email

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *