स्टील स्लैग आधारित ‘ईकोफिक्स’ तकनीक से दिल्ली की सड़कों की टिकाऊ मरम्मत का रास्ता खुलेगा

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*दिल्ली PWD मंत्री प्रवेश साहिब सिंह की उपस्थिति में हुआ सफल तकनीकी ट्रायल

दिल्ली के लोक निर्माण विभाग (PWD) ने आज स्टील स्लैग आधारित इंस्टेंट पॉटहोल रिपेयर तकनीक ‘ईकोफिक्स’ का सफल तकनीकी ट्रायल दिल्ली सचिवालय रोड पर किया। यह ट्रायल दिल्ली PWD मंत्री प्रवेश साहिब सिंह की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ।

‘ईकोफिक्स’ एक रेडी-टू-यूज़ पॉटहोल रिपेयर मिक्स है, जिसे CSIR – सेंट्रल रोड रिसर्च इंस्टीट्यूट (CRRI) ने रामुका ग्लोबल सर्विसेज (एक DPIIT मान्यता प्राप्त स्टार्टअप) के साथ मिलकर विकसित किया है।

CSIR-CRRI और रामुका की टीम द्वारा किए गए लाइव प्रदर्शन में जलभराव वाले और सूखे दोनों प्रकार के गड्ढों को बिना किसी जल निकासी (dewatering) के सफलतापूर्वक भरा गया। इस तकनीक की सबसे खास बात यह रही कि मरम्मत के मात्र 15 से 20 मिनट बाद सड़क को यातायात के लिए खोल दिया गया, जिससे आम लोगों को कोई असुविधा नहीं हुई।

इस मौके पर कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे:
• डॉ. एन. कैलैसेल्वी, सचिव DSIR एवं महानिदेशक CSIR
• इंजी. नयमुद्दीन, इंजीनियर-इन-चीफ, दिल्ली PWD
• महेन्द्र कुमार गुप्ता, संयुक्त सचिव, प्रशासन (CSIR एवं DSIR)
• डॉ. मनोरंजन परिडा, निदेशक, CSIR-CRRI
• साथ ही दिल्ली PWD और अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी

ईकोफिक्स तकनीक के आविष्कारक और CSIR-CRRI के वरिष्ठ प्रमुख वैज्ञानिक सतीश पांडे ने जानकारी दी कि यह मिक्स स्टील उद्योग के मेटलर्जिकल वेस्ट यानी स्टील स्लैग से तैयार किया गया है। यह टिकाऊ और किफायती है, साथ ही प्राकृतिक संसाधनों पर निर्भरता को भी कम करता है, जिससे पर्यावरण की रक्षा होती है।

माननीय मंत्री प्रवेश साहिब सिंह जी ने कहा:

“दिल्ली की जनता को बेहतर, सुरक्षित और गड्ढामुक्त सड़कें देना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। ‘ईकोफिक्स’ तकनीक का ट्रायल सफल रहा और इससे हमें मानसून से पहले सड़कों की समयबद्ध और टिकाऊ मरम्मत करने में बड़ी मदद मिलेगी। यह तकनीक केवल गड्ढों को भरने का नहीं, बल्कि जनता के विश्वास को मज़बूत करने का काम करेगी। दिल्ली अब स्मार्ट और सस्टेनेबल इंफ्रास्ट्रक्चर की ओर तेज़ी से आगे बढ़ रही है।”

उन्होंने यह भी बताया कि इस तकनीक को लागू करने वाली कंपनी ने 2.5 साल की वारंटी देने का वादा किया है,
“अगले ढाई वर्षों तक यदि किसी भी तरह की मरम्मत की आवश्यकता होगी, तो उसकी पूरी ज़िम्मेदारी संबंधित एजेंसी की होगी,” मंत्री जी ने कहा।

यह हरित पहल (Green Initiative), भारत के माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के ‘वेस्ट टू वेल्थ’ (कचरे से संपत्ति) विज़न को साकार करने की दिशा में एक ठोस कदम है, जिसमें औद्योगिक अपशिष्ट को उपयोगी संसाधन में बदलकर टिकाऊ बुनियादी ढांचे का निर्माण किया जा रहा है।

दिल्ली सरकार और PWD इस तकनीक का विस्तृत मूल्यांकन कर रही है, ताकि इसे बड़े पैमाने पर लागू किया जा सके। आने वाले समय में ‘ईकोफिक्स’ दिल्ली को गड्ढामुक्त, सुरक्षित और नवाचारयुक्त सड़कें देने में अहम भूमिका निभाएगा।

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