दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने एक ऐसे नक़ली डिग्री उपलब्ध कराने वाले गैंग का भंडाफोड़ किया है जोकि भले ही ज़्यादा पढ़े लिखे नहीं हैं लेकिन दूसरों को उच्च शिक्षा की नक़ली डिग्री बेच दिया करते थे। पुलिस ने इस मामले में 4 आरोपियों को गिरफ़्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों का नाम विक्की हरजानी रोहिणी शिक्षा केन्द्र चलाता था विवेक गुप्ता नोएडा में शिक्षा केन्द्र चलाता था , सतवीर सिंह फ़रीदाबाद में शिक्षा केन्द्र चलाता था , नरायन जी बिहार से ऑपरेट करता था। पांचवां आरोपी ने अवनीश कंसल है जो की ऐसे ही एक मामले पहले से ही राजस्थान की जेल में बंद हैं। आरोपियों के क़ब्ज़े से पुलिस ने 228 मार्कशीट , 27 डिग्रियां और 20 माइग्रेशन सर्टिफ़िकेट छह लैपटॉप 20 मोबाइल फ़ोन बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार सूचना मिली थी कि एक एक फ़र्ज़ी डिग्री रैकेट चलाने वाले की सूचना मिली थी पुलिस ने रैकेट का भंडाफोड़ किया है। बताया जाता है कि जो फ़र्ज़ी डिग्री आरोपी विद्यार्थियों को उपलब्ध करवाते थे वे बिलकुल असली डिग्री की तरह होती थी देखने के बाद यह डिग्री नक़ली कहीं भी नहीं लगती थी परंतु यह डिग्री नक़ली होती है । जो विद्यार्थियों को आरोपी उपलब्ध करवाते थे और बदले में 1 से डेढ़ लाख रुपया की रकम लेते थे। बताया जाता है कि आरोपी बुराड़ी रोहिणी , फ़रीदाबाद और बिहार का रहने वाले हैं पांचवां आरोपी राजस्थान में पहले से गिरफ़्तार किया गया है। आइए देखते हैं हमारे वरिष्ठ संवाददाता राजेश खन्ना कि इस विशेष रिपोर्ट
बहरहाल पुलिस ने इस बड़े रैकेट का भंडाफोड़ कर बड़ी कामयाबी हासिल करी है। पुलिस मामले की जाँच कर पता लगाने की कोशिश कर रही है कि जो 5 हज़ार डिग्रियां आरोपियों ने उपलब्ध करवाई है वे किस विश्वविद्यालय से सम्बन्धित थे। पुलिस मामले की जाँच में जुट गई है। टोटल ख़बरें दिल्ली से राजेश खन्ना की विशेष रिपोर्ट।


