प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के हस्तसाल सेवाकेंद्र, नई दिल्ली द्वारा आयोजित ’90वें त्रिमूर्ति शिव जयंती महोत्सव’ का भव्य आयोजन रविवार, 15 फरवरी को अत्यंत हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस विशेष अवसर पर विद्या विहार स्थित सेवाकेंद्र में एक गरिमामयी कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय श्रद्धालुओं और प्रभु प्रेमियों ने सपरिवार शिरकत की। कार्यक्रम की शुरुआत परमात्मा शिव की पावन स्मृति में दीप प्रज्वलन के साथ हुई, जिसके बाद ब्रह्माकुमारी बहनों द्वारा महाशिवरात्रि के वास्तविक आध्यात्मिक रहस्यों पर प्रकाश डाला गया। वक्ताओं ने अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में बताया कि महाशिवरात्रि केवल एक पर्व नहीं, बल्कि संपूर्ण सृष्टि के रचयिता और सर्व आत्माओं के परमपिता निराकार परमात्मा शिव के भारत भूमि पर अवतरण का यादगार दिवस है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि वर्तमान समय में आध्यात्मिक प्रेम और सद्भावना को जागृत करना ही इस पर्व की सच्ची सार्थकता है।
समारोह के दौरान आध्यात्मिक मूल्यों पर आधारित एक सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया, जिसमें विभिन्न कलाकृतियों और प्रस्तुतियों के माध्यम से ईश्वरीय संदेश को जन-जन तक पहुँचाया गया। बच्चों और युवाओं द्वारा प्रस्तुत इन कार्यक्रमों ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। इसके पश्चात, संस्था के ध्वजारोहण की रस्म पूरी की गई, जो शांति, पवित्रता और सत्यता का प्रतीक है। ध्वजारोहण के समय उपस्थित सभी लोगों ने विश्व शांति और भाईचारे का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में हस्तसाल सेवाकेंद्र के पदाधिकारियों ने आए हुए अतिथियों का आभार व्यक्त किया और ईश्वरीय प्रसाद का वितरण किया गया। इस पूरे आयोजन ने समाज में एकता और आध्यात्मिक जागृति का एक सकारात्मक संदेश प्रसारित किया। सेवाकेंद्र के कार्यकर्ताओं और समर्पित सदस्यों के सहयोग से यह महोत्सव आध्यात्मिक ऊर्जा और उमंग के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिससे प्रत्येक सहभागी के मन में ईश्वरीय मिलन की सुखद अनुभूति अंकित हो गई।

