8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर देशभर की हजारों महिलाएँ “आईआईएफएल उद्देश्य सहित राष्ट्रीय कार रैली” के माध्यम से सड़कों पर उतरेंगी। यह एक शक्तिशाली राष्ट्रीय पहल है, जिसका उद्देश्य थैलेसीमिया और कैंसर के प्रति जागरूकता फैलाना तथा समाज को निवारक स्वास्थ्य देखभाल को प्राथमिकता देने के लिए प्रेरित करना है।
जैन इंटरनेशनल ट्रेड ऑर्गेनाइजेशन (जीटो) लेडीज़ विंग द्वारा आयोजित यह रैली भारत के 90 से अधिक शहरों में आयोजित की जा रही है, जहाँ प्रत्येक शहर में 50 से अधिक कारों की भागीदारी होगी। यह असाधारण पहल देश की सबसे बड़ी समन्वित स्वास्थ्य जागरूकता कार रैलियों में से एक बनने की दिशा में अग्रसर है और इसका लक्ष्य इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में स्थान प्राप्त करना है।
यह अभियान रोकथाम, समय पर पहचान और जागरूक स्वास्थ्य निर्णयों के महत्व पर विशेष जोर देता है। कई शहरों में चिकित्सकों द्वारा जागरूकता सत्र आयोजित किए जाएंगे, जिनमें परिवारों को थैलेसीमिया वाहक जाँच, कैंसर के प्रारंभिक लक्षणों तथा नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के महत्व के बारे में जानकारी दी जाएगी। कुछ स्थानों पर स्वास्थ्य परीक्षण शिविर भी आयोजित किए जाएंगे, जिससे जागरूकता को वास्तविक और प्रभावी कार्यवाही में परिवर्तित किया जा सके।
विजय भंडारी, अध्यक्ष, जीटो एपेक्स, ने कहा:
“स्वास्थ्य जागरूकता एक प्रगतिशील समाज की सबसे महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों में से एक है। यह रैली दर्शाती है कि समुदाय किस प्रकार एक साथ आकर रोकथाम को बढ़ावा दे सकते हैं, समय पर चिकित्सा देखभाल के लिए प्रेरित कर सकते हैं और एक स्वस्थ भविष्य का निर्माण कर सकते हैं।”
सोनाली दुगर, डीआईसी एपेक्स जेएलडब्ल्यू (जीटो लेडीज़ विंग) ने कहा:
“जब महिलाएँ एक उद्देश्य के साथ एकजुट होती हैं, तो उसका प्रभाव सड़कों से कहीं आगे तक जाता है। यह रैली जागरूकता पैदा करने, लोगों को प्रेरित करने और समाज को अपने स्वास्थ्य की जिम्मेदारी लेने के लिए प्रोत्साहित करने का एक सशक्त माध्यम है।”
शीतल दुगर, राष्ट्रीय अध्यक्षा – जेएलडब्ल्यू, ने कहा:
“थैलेसीमिया के बारे में जागरूकता बढ़ाकर हम एक थैलेसीमिया-मुक्त भारत की दिशा में कदम बढ़ा सकते हैं, वहीं कैंसर की समय पर पहचान अनगिनत जीवन बचा सकती है। मैं एपेक्स कार्यसमिति के सभी सदस्यों तथा सभी अध्याय अध्यक्षों और मुख्य सचिवों का हृदय से आभार व्यक्त करती हूँ, जिनकी प्रतिबद्धता और अथक प्रयासों से यह राष्ट्रीय अभियान संभव हो पाया है।”
इस पहल का नेतृत्व रचना कानुगो, परियोजना संयोजक – स्वास्थ्य एवं पोषण, कर रही हैं, जो इस रैली को एक ऐतिहासिक जागरूकता अभियान बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं।
इस अभियान का प्रमुख राष्ट्रीय कार्यक्रम उत्तर क्षेत्र में आयोजित होगा, जहाँ प्रतिष्ठित अतिथियों, प्रायोजकों और सामुदायिक नेताओं की उपस्थिति में रैली को औपचारिक रूप से प्रारंभ किया जाएगा, जो एक स्वस्थ और जागरूक समाज के निर्माण के लिए राष्ट्रीय एकजुटता का प्रतीक होगा। इस कार्यक्रम का नेतृत्व उत्तर क्षेत्र अध्यक्ष रमन जैन, मुख्य सचिव विकास जैन तथा उत्तर जेएलडब्ल्यू संयोजक सुरभि जैन कर रहे हैं।
कार्यक्रम की शोभा प्रसिद्ध अभिनेत्री और स्तन कैंसर विजेता लीसा रे की उपस्थिति से और भी बढ़ेगी, जिनकी प्रेरणादायक उपस्थिति जागरूकता, साहस और कैंसर की समय पर पहचान की जीवनरक्षक शक्ति का संदेश देती है।
इस रैली को आईआईएफएल कैपिटल, फैशन उद्यमी निधि, आरडीबी समूह, नाहर समूह, बलदोटा समूह, पगारिया समूह, हल्दीराम्स, माइक्रो लैब्स, केएलजे समूह, जेके टायर और ई-मास्टर जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों का सहयोग प्राप्त है, जबकि द टाइम्स ऑफ इंडिया इस अभियान का मीडिया सहयोगी है।
देशभर में हजारों प्रतिभागियों के साथ आयोजित यह आईआईएफएल उद्देश्य सहित राष्ट्रीय कार रैली सड़कों को जागरूकता के एक सशक्त मंच में बदल देगी और नागरिकों को निवारक स्वास्थ्य देखभाल के प्रति सक्रिय कदम उठाने के लिए प्रेरित करेगी।
इस महिला दिवस पर भारत केवल महिलाओं का उत्सव नहीं मनाएगा।
भारत जागरूकता के लिए ड्राइव करेगा।
भारत स्वास्थ्य के लिए ड्राइव करेगा।
भारत उद्देश्य के साथ ड्राइव करेगा।
2026-03-07








