नई दिल्ली, 24 अगस्त, 2026-दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्री देवेंद्र यादव ने दिल्ली के उपराज्यपाल श्री तरणजीत सिंह संधू से अपील की कि मास्टर प्लान 2047 को प्रभावी ढ़ंग से लागू करने से पहले जब दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) राजधानी के विकास के लिए 20 हितधारकों के साथ बैठकें आयोजित करने के आउटरीच कार्यक्रम कर रहा है, उसमें कांग्रेस पार्टी को शामिल करने का निर्देश दें, क्योंकि कांग्रेस के पास शहर को विकसित करने की बेहतर समझ और दूरदर्शिता के साथ मास्टर प्लान को लागू करने का अनुभव है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने अपने 15 साल के शासन मंे दिल्ली को विश्व स्तरीय राजधानी में बदलकर शहर में योजनाबद्ध विकास कैसे किया जाता है, यह साबित करके दिखाया था। उन्होंने कहा कि उपराज्यपाल के निर्देश पर डीडीए 2047 के मास्टर प्लान को लागू करने के लिए दिल्ली के सांसदों, विधायकों, सरकारी एजेंसियों, उद्योग इकाईयों और आरडब्लूए जैसे 20 हितधारकों को साथ बैठक करेगा, लेकिन कांग्रेस को इस योजना में शामिल नहीं किया है।
श्री देवेन्द्र यादव ने कहा कि मास्टर प्लान 2047 के आउटरीच कार्यक्रम में कांग्रेस को दिल्ली के भविष्य और विकास की रुपरेखा तैयार करने की योजना से दूर रखना भाजपा की औछी राजनीति का प्रमाण है, जबकि मास्टर प्लान को लागू करने का अनुभव रखने वाली कांग्रेस को दिल्ली के विकास के लिए डीडीए के आउटरीच कार्यक्रम शामिल करना बेहद जरुरी है। उन्होंने कहा कि भाजपा अगर सबका साथ सबका विकास चाहती है, तो दिल्ली को फिर से विश्वस्तरीय शहर बनाने के लिए कांग्रेस को 20 हितधारकों की सूची में शामिल करने घोषणा दिल्ली सरकार तुरंत करे, क्योंकि दिल्ली में नागरिकों तक सुविधाएं पहुॅचाने, बुनियादी ढ़ांचे को मजबूत बनाने, स्वच्छ और शुद्ध पर्यावरण वाला हरित शहर बनाने का काम किया, जिसे पूरी दुनिया ने देखा।
श्री देवेंद्र यादव ने कहा कि दिल्ली में 12 वर्षों से अधिक समय से आम आदमी पार्टी सत्ता में रहते हुए केंद्र में भाजपा सरकार और उपराज्यपाल के साथ अपने निरंतर टकराव के कारण मास्टर प्लान को लागू नहीं कर सकी। आम आदमी पार्टी दिल्ली के लिए व्यापक मास्टर प्लान (एमपीडी) को सीधे रूप से तैयार या लागू नहीं कर सकी क्योंकि शहरी भूमि योजना और शीर्ष योजना निकाय-डीडीए-केंद्र सरकार और उपराज्यपाल के अधिकार क्षेत्र में होने के कारण आपसी टकराव के चलते आम आदमी पार्टी दिल्ली के लिए व्यापक मास्टर प्लान (एमपीडी) को तैयार या लागू नहीं किया। आपसी लड़ाई के परिणामस्वरूप न तो आम आदमी पाटी की दिल्ली सरकार और न ही डीडीए ने पहल करते हुए मास्टर प्लान को लागू करने के लिए कोई ठोस कदम उठाया और राजधानी में नागरिक सुविधाओं के लिए बुनियादी ढांचा ध्वस्त हो गया, जिसके परिणाम अब लोग भुगत रहे हैं। सड़कों पर बारिश के कारण जल भराव, विशुद्ध पानी और वायु प्रदूषण से लोगों प्रभावित हो रहे है और टूटी हुई सड़कों और सार्वजनिक परिवहन प्रणाली ध्वस्त होने के बाद लोग पूरी तरह परेशान हो चुके है।
श्री देवेंद्र यादव ने कहा कि बेशक दिल्ली में कांग्रेस का कोई विधायक या सांसद नहीं है, लेकिन डीडीए को अनुभव रखने वाले वरिष्ठ नेताओं, पूर्व मंत्रियों, पूर्व विधायकों और कांग्रेस के पूर्व सांसदों को मास्टर प्लान 2027 को लागू करने की 20 हितधारकों की बैठक में शामिल करना चाहिए क्योंकि दिल्ली और केन्द्र में शासन का अनुभव रखने वाली कांग्रेस के बहुमूल्य इनपुट से दिल्ली वालों के हितों को संरक्षित रखने में लाभ होगा। उन्होंने कहा कि डीडीए और भाजपा को राजनीति से अलग हटकर 2047 के मास्टर प्लान को प्रभावी ढंग से लागू करने के बारे में बेहतर काम करने के लिए सभी राजनीतिक दलों को शामिल करना चाहिए।








