नई दिल्ली: बाहरी दिल्ली के निहाल विहार थाना पुलिस ने क्षेत्र में सक्रिय एक शातिर चोर को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। पकड़े गए आरोपी की पहचान 26 वर्षीय दीपक के रूप में हुई है, जो हस्तल, दिल्ली का निवासी है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पहले से ही चोरी और सेंधमारी के 11 अन्य मामलों में संलिप्त रहा है। इसकी गिरफ्तारी से पुलिस ने इलाके में पिछले कुछ दिनों में हुई चोरी की चार बड़ी वारदातों को सुलझा लिया है और आरोपी के पास से चोरी किए गए 11,200 रुपये की नकदी भी बरामद की है।
घटना का विवरण और जांच:
पुलिस के अनुसार, 12 मार्च से 17 मार्च 2026 के बीच निहाल विहार थाना क्षेत्र में चोरी और सेंधमारी की चार अलग-अलग घटनाएं सामने आई थीं, जिन्हें ई-एफआईआर (e-FIR) के माध्यम से दर्ज किया गया था। मात्र 4-5 दिनों के भीतर हुई इन वारदातों ने पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती पेश कर दी थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए बाहरी जिले के डीसीपी विक्रम सिंह (IPS) के निर्देशानुसार एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम का नेतृत्व राज पार्क के एसएचओ इंस्पेक्टर शीशपाल ने किया, जिसमें हेड कांस्टेबल रवि, हेड कांस्टेबल दलवीर और हेड कांस्टेबल दीपक शामिल थे। पूरी कार्रवाई की निगरानी पश्चिम विहार के एसीपी राजबीर लांबा द्वारा की गई।
ऐसे पकड़ा गया आरोपी:
जांच के दौरान पुलिस टीम ने घटनास्थल और उसके आसपास लगे दर्जनों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का बारीकी से विश्लेषण किया। तकनीकी विश्लेषण और स्थानीय खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने दो संदिग्धों की पहचान की। लगातार पीछा करने और सूचनाओं को पुख्ता करने के बाद, पुलिस ने 17 मार्च 2026 को हस्तल इलाके से दीपक को धर दबोचा। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपने एक साथी के साथ मिलकर इन सभी वारदातों को अंजाम देने की बात स्वीकार की। आरोपी पेशे से कैटरिंग का काम करता है, जिसकी आड़ में वह वारदातों को अंजाम देता था।
सुलझाए गए मामले और बरामदगी:
दीपक की गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस ने निहाल विहार थाने में दर्ज चार ई-एफआईआर (संख्या: 80022105/2026, 80022174/2026, 80023107/2026 और 80023362/2026) को सफलतापूर्वक सुलझा लिया है। ये मामले भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं जैसे 305 और 331 के तहत दर्ज थे। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी की गई 11,200 रुपये की नकद राशि बरामद कर उसे केस प्रॉपर्टी के रूप में जब्त कर लिया है।
आगे की कार्रवाई:
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, दीपक एक आदतन अपराधी है और उस पर पहले से ही 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। फिलहाल पुलिस इस मामले में शामिल दीपक के दूसरे साथी की तलाश में जुटी है और उसे पकड़ने के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि दूसरे आरोपी की गिरफ्तारी के बाद कुछ और वारदातों का खुलासा हो सकता है। मामले की आगे की जांच जारी है।












