नई दिल्ली, 16 अप्रैल 2026 | हाल ही में प्राप्त लगातार बम धमकियों और एक गंभीर सुरक्षा उल्लंघन की घटना के मद्देनज़र, दिल्ली विधानसभा के माननीय अध्यक्ष श्री विजेंद्र गुप्ता को Z श्रेणी की सुरक्षा दी गई है। यह निर्णय उस समय लिया गया जब विधानसभा सचिवालय और अध्यक्ष कार्यालय को आधिकारिक माध्यमों से लगभग छह से सात धमकी भरे ईमेल प्राप्त हुए। इसके अतिरिक्त, हाल ही में एक सुरक्षा चूक के दौरान एक घुसपैठिया विधानसभा के प्रवेश द्वार को पार कर श्री गुप्ता की गाड़ी में एक संदिग्ध वस्तु रखने में सफल रहा, जिससे सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा आवश्यक हो गई।
नई Z श्रेणी सुरक्षा व्यवस्था के तहत, श्री विजेंद्र गुप्ता को 24 घंटे विशेष सुरक्षा प्रदान की गई है जो विधानसभा कार्यालय से लेकर उनके निवास तक रहेगी। इस सुरक्षा व्यवस्था में एक समर्पित एस्कॉर्ट वाहन शामिल है, जो हर समय विधानसभा अध्यक्ष के काफिले के साथ रहेगा। आधिकारिक कार्यक्रमों और सार्वजनिक उपस्थितियों के दौरान सुरक्षा दल का नेतृत्व एक नियुक्त प्रभारी अधिकारी करेंगे, जिनके साथ प्रशिक्षित कमांडो की टीम हर समय उनकी सुरक्षा और निगरानी सुनिश्चित करेगी।

सुरक्षा एजेंसियों के समन्वय से दिल्ली विधानसभा परिसर में भी व्यापक सुरक्षा को और चाक चौबंद बनाया जा रहा है, ताकि सभी विधानसभा के सदस्यों और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। प्रत्येक प्रवेश द्वार पर स्वचालित बूम बैरियर लगाए जा रहे हैं, जिससे परिसर में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति और उनके साथ लाए गए हर सामान की अनिवार्य जांच की जा सके। इसके अतिरिक्त, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूंआरटी) को वाहन सहित परिसर में तैनात किया गया है, जो निरंतर गश्त करते हुए किसी भी संभावित खतरे का तुरंत सामना करने में सक्षम होगी।
दिल्ली विधानसभा सचिवालय ने स्पष्ट किया है कि लोकतांत्रिक संस्थानों के विरुद्ध किसी भी प्रकार के खतरे के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई गई है। विधायी प्रक्रिया की गरिमा और सुरक्षा बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं। संवैधानिक पदाधिकारियों की सुरक्षा और विधानसभा परिसर की अखंडता सर्वोच्च प्राथमिकता है, ताकि सदन की कार्यवाही सुरक्षित और सुचारु रूप से संचालित हो सके।




