नई दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को दिल्ली सचिवालय में आयोजित एक विशेष और भावुक कार्यक्रम में मालवीय नगर अग्निकांड और साकेत भवन दुर्घटना के पीड़ितों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने दोनों हादसों में जान गंवाने वाले नागरिकों के परिवारों के लिए ₹10-10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि और घायलों के लिए ₹2-2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की बड़ी घोषणा की। सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि राहत राशि का वितरण पूरी पारदर्शिता और बिना किसी देरी के समयबद्ध तरीके से किया जाए।
इस गरिमामयी कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में मालवीय नगर के विधायक श्री सतीश उपाध्याय और छतरपुर के विधायक श्री करतार सिंह तंवर भी मौजूद रहे। कार्यक्रम की शुरुआत में दोनों दर्दनाक हादसों में दिवंगत हुए नागरिकों की स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
गद्दे बिछाकर जान बचाने वाले रियाजुद्दीन को विशेष सम्मान
इस भावुक समारोह में मुख्यमंत्री ने अपनी जान की परवाह किए बिना दूसरों की रक्षा करने वाले जांबाज नागरिकों, पुलिसकर्मियों और प्रशासनिक अधिकारियों को ₹21,000 के चेक और प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया। इसमें मालवीय नगर के हौजरानी अग्निकांड के दौरान अद्भुत सूझबूझ का परिचय देने वाले रियाजुद्दीन मंसूरी को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। रियाजुद्दीन ने आग की लपटों के बीच फंसे लोगों को बचाने के लिए नीचे गद्दे बिछा दिए थे, जिससे कई जानें बचीं। मुख्यमंत्री ने उनके इस मानवीय प्रयास की सराहना करते हुए उनके गद्दों के मूल्य की प्रतिपूर्ति भी की।
कुछ क्षण पूरे समाज की आत्मा को झकझोर देते हैं: मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शोकाकुल परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि कुछ क्षण ऐसे होते हैं जो पूरे समाज की आत्मा को झकझोर देते हैं। मालवीय नगर और साकेत की घटनाएं ऐसी ही हृदयविदारक त्रासदी थीं, जिन्होंने अनेक परिवारों को असहनीय पीड़ा दी है। हौजरानी की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने दुख जताया कि जहां एक ओर पूरा स्थानीय परिवार काल के गाल में समा गया, वहीं इलाज के लिए भारत आए विदेशी नागरिकों को भी इस भयानक त्रासदी का सामना करना पड़ा।
संकट के समय मिसाल बने दिल्ली के जांबाज नागरिक और पुलिसकर्मी
राहत और बचाव कार्यों में जुटे स्थानीय लोगों और अधिकारियों की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर संकट की उस घड़ी में त्वरित कार्रवाई न होती तो नुकसान और भी भयावह हो सकता था। सीमित संसाधनों के बावजूद हमारे नागरिकों, आपदा प्रबंधन टीम और दिल्ली पुलिस के जवानों ने जिस अदम्य साहस और सामूहिक प्रयास का परिचय दिया, वह पूरी दिल्ली के लिए प्रेरणास्रोत है। सरकार मानवता की मिसाल पेश करने वाले ऐसे सभी नायकों को दिल से नमन करती है।
साकेत और मालवीय नगर के ये ‘नायक’ हुए सम्मानित
समारोह में साकेत हादसे के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले दक्षिण जिला आपदा प्रबंधन के अधिकारी श्री चंदर प्रकाश, दिल्ली पुलिस के निरीक्षक रितेश कुमार शर्मा, कांस्टेबल मनीष कुमार जांगिड़, विवेक शाक्य, अंगद मीणा सहित स्थानीय निवासी कपिल गिरी, हरजीत कुमार और डॉ. रफीक खान को सम्मानित किया गया। वहीं, मालवीय नगर अग्निकांड में बहादुरी दिखाने वाले इसरार खान, कमल कुमार, मोहम्मद उवैश, वसीम राजा, निरीक्षक विनय यादव और हेड कांस्टेबल दिनेश समेत करीब दो दर्जन जांबाजों को मुख्यमंत्री ने सम्मानित कर उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।












